Nachna Tehsil Photo

जैसलमेर/नाचना (दिलीप सोनी ) . अकाल से प्रभावित काश्तकारों को आपदा मोचन निधि से दिए जाने वाली कृषि आदान अनुदान राशि (Agriculture Input subsidy ) नाचना के किसानों के लिए आफत बन चुकी हैं . किसान नाचना उपनिवेशन के पटवारियों और बैंक के चक्कर काट काट के थक चुके हैं .हालत यंहा तक हैं कि किसान इस 13600 की राशि के लिए पटवारियों को प्रति मुरब्बा पांच सौ से हजार रूपये तक की रिश्वत भी दे चुके हैं .

स्थानीय किसानों ने बताया कि कृषि आदान अनुदान राशि हेतु आधार कार्ड व बैंक डायरी की फोटो कॉपी जमा करवाने के बाद भी जब उनके खाते में पैसे नहीं आये और पटवारियों ने कोई संतुष्टि जनक जवाब नहीं दिया तब नाचना उपनिवेशन तहसील में घूम रहे दलालों ने पैसे लेकर अनुदान राशि दिलवाने की गारंटी ली. दलालों ने बताया कि पटवारियों और तहसीलदार से उनकी सेटिंग हैं .

इस तरह 2016 व 2017 की कृषि आदान अनुदान राशि 13600 के लिए प्रति किसान एक हजार रूपये तक दे चूका हैं . अनुदान राशि के लिए लिस्ट में नाम जुडवाने के इस खेल में लगे दलालों और पटवारियों के हौसले बुलंद हैं . नाचना उपनिवेशन के हजारों किसानो से लाखों रूपये हड़प लिए गए हैं पर अब तक उनके खाते 2016 व 2017 की कृषि आदान अनुदान राशि 13600 का इंतजार कर रहे हैं .

गौर तलब हैं कि 2016 व 2017 की कृषि आदान अनुदान राशि 13600 स्वीकृत राशि तहसीलदार के भुगतान हेतु पड़ी है. प्रशासन की शिथिलता के कारण वंचित किसान भटक रहे है. किसानो ने दो साल का वंचित भुगतान करवाने की मांग की है.

इनका कहना हैं :- नाचना उपनिवेशन तहसील से कई बार लिस्ट पोकरण तहसीलदार को भेज दी गयी हैं,कुछ किसानो के पैसे आये है बाकी के लिए आप पोकरण तहसीलदार से बात करें(देवकरण सिंह -गिरदावर , उपनिवेशन तहसील नाचना 2) .