#Jaipur News। विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग की शासन सचिव, मुग्धा सिन्हा ने कहा कि राज्य के प्रत्येक विश्वविद्यालय में कम्युनिटी रेडियो की स्थापना के प्रयास किए जाएंगे।

इसके लिये सभी विश्वविद्यालय को प्रेरित किया जाएगा। ताकि आमजन में विज्ञान शिक्षा का प्रचार-प्रसार हो सके, वही त्रासदी के वक्तटै्रफिक, सड़कदुर्घटना, मौसमी बीमारियों इत्यादि एवं सरकार की महत्वपूर्ण योजनाओं की जानकारी दी जा सकेे।

उन्होेंने कहा कि दूर-दराज क्षेत्रों के लोगों को जागरूक एवं योजनाओं का लाभ प्रदान करने के लिए कम्युनिटी रेडियो एक बेहतर,सस्ता एवं सुलभ माध्यम है।

श्रीमती सिन्हा शुक्रवार को शासन सचिवालय में लोक कल्याणकारी योजनाओं का लाभ समाज के दूर-दराज के लोगों, छा़त्र-छात्राओं, महिलाओं तक पहुंचाने में कम्युनिटी रेडियो में प्रभावी उपयोग पर आयोजित बैठक को संबोधित कर रही थीं।

उन्होंने कहा कि कम्युनिटी रेडियो का जागरूकता एवं सामाजिक स्वच्छता के लिए उपयोग किया जाएगा।

बैठक में शासन सचिव ने कहा कि जिन जिलों में कम्युनिटी रेडियो स्थापित एवं संचालित है उन जिलों के कलक्टर को पत्र लिखा जाएगा ताकि जिला स्तर पर राज्य की योजनाओं के प्रचार-प्रसार में कम्युनिटी रेडियो की सहभागिता को बढ़ाया जा सके।

ताकि वह अपने जिलों की योजनाओं को आमजन तक प्रस्तावित करने में कम्युनिटी रेडियो का सहयोग कर सकें।

उन्होंने कहा कि जिन जिलों में कम्यूनिटी रेडियो स्थापित नही है, ऎसे जिलों में कम्यूनिटी रेड़ियो स्थापित करने हेतु विश्वविद्यालयों एवं नगर पालिकाओं को प्रोत्साहित करें एवं ऎसे जिलेअन्य पड़ोसी जिलों में स्थापित कम्युनिटी रेडियों से समन्वय कर योजनाओं का प्रचार-प्रसार किया जाए ताकि राज्य सरकार की मंशा के अनुरूप दूर-दराज के लोगों को उनका लाभ मिल सके। 

शासन सचिव ने कहा कि दूसरे राज्य की तुलना में राजस्थान में केवल सात कम्युनिटी का संचालन हो रहा है।

उन्होंने कहा कि कम्युनिटी रेडियो में आपसी समन्वय एवं उनके द्वारा राज्य सरकार की योजनाओं के प्रभावी पहुंच हेतु एक उच्चस्तरीय समिति का गठन किया जाएगा।

सार्वजनिक निजी सहकारिता का यह बहुत बढ़िया उदाहरण है जो कि वृहद संचार तंत्र है।

उन्होंने कहा कि राज्य में संचालित कम्युनिटी रेडियो की विशिष्ट पहुँच द्वारा राज्य में विद्यालयी छात्र-छात्राओं, महिलाओं, सामाजिक स्वच्छता, आपदा नियंत्रण, सामाजिक सौहार्द्र, महामारी आदि पर राज्य सरकार द्वारा संचालित योजनाओं से राज्य की जनता को प्रभावी रूप से जागरूक किया जा सकता है ।

बैठक में स्वायत्त शासन, पंचायती राज व आपदा प्रबंधन एवं सहायता विभाग के अधिकारियों को भी कहा गया कि वह नगरपालिकाओं एवं ग्राम पंचायतों में ऑटो रिक्शा से प्रचार की जगह अपने यहां कम्युनिटी रेडियोका लाइसेंस मंत्रालय सूचना एवं प्रसारण विभाग से लेकर इस तंत्र का उपयोग कर सकते है क्योंकि त्रासदी में मोबाईल टॉवर ठप हो जाने पर, यह काम करते है।

Source:The Jaisalmer News