Mohammed Abrar-World's Fattest Boy
Mohammed Abrar-World's Fattest Boy

पाकिस्तान से मोहम्मद अबरार-Mohammed Abrar दुनिया का सबसे मोटा बच्चा-World’s Fattest Boy है, जिसका वजन महज 10 साल की उम्र में लगभग 196 किलो है और अपनी जान बचाने के लिए वह वजन घटाने की सर्जरी करवा रहा है. हालात ये है कि वो खाना खाने के बाद अपने पैरो पे खड़ा होने में असमर्थ हैं क्यूंकि वो एक बार में इतना खाना खा लेता है जो चार बड़े लोगो का पेट भर सकता है.

जन्म के समय मोहम्मद अबरार एक स्वस्थ साढ़े तीन किलो का बच्चा था , लेकिन जब वह छह महीने का हुवा तो तेजी से वजन बढ़ाना शुरू कर दिया, 6 माह की उम्र में उसका वजन 21 किलो हो चूका था . अबरार के माता-पिता याद करते हैं कि वह हमेशा एक शिशु के रूप में भूखा रहता था और अपनी दो बहनों की तुलना में पांच गुना अधिक दूध पीता था.

अबरार की माँ ज़रीना का कहना है कि अबरार इतना भारी हो रहा था कि वो अकेले उसका डायपर नहीं बदल पाती थी. उसका डायपर बदलने के लिए विशेष प्रकार का बिस्तर और झुला बनवाया गया.

अपने विशालशरीर के कारण, हर गतिविधि उसके लिए एक कठिन लड़ाई है और वह अपने भाई-बहनों के साथ खेलने में असमर्थ है और न ही वह स्कूल जा सकता है, लेकिन उसके माता-पिता को उम्मीद है कि पाकिस्तान के जाने-माने बेरिएट्रिक सर्जन डॉ. माज उल हसन की सर्जरी उसे बदल सकती हैं.

ज़रीना ने कहा “हमने कभी मोटापे के बारे में नहीं सुना था। जब वह एक बच्चा था, तो वह खूबसूरती से मोटा था और हमें उसके तंदुरुस्त होने पर गर्व था। जब वह छह साल का था तो 100 किलो का हो गया था और चार वयस्कों के बराबर भोजन करता था. ”

हालांकि उसके माता-पिता ने उसे कभी भी जंक फूड नहीं खिलाया, लेकिन वो आसानी से एक बार में चिकन करी के साथ चार प्लेट चावल या 10 चपाती खा जाता था . जरीना बताती है कि “उसकी भूख कभी मिटती नहीं थी जो भी मैं पकाती आधा वो अकेले खाता बाकी बचा हम पांच लोग खाते थे .

उनके माता-पिता ने कई डॉक्टरों से सलाह ली जिन्होंने सख्त आहार की सिफारिश की लेकिन अबरार भूख के कारण उनके नियमों का पालन नहीं कर पा रहा था । अंत में, वे डॉ. माज़ उल हक के पास आए जिन्होंने बेरिएट्रिक सर्जरी के बारे में हताश माता-पिता को सूचित किया जिसमें वजन घटाने के लिए गैस्ट्रिक बैंड का उपयोग करके पेट के आकार को कम किया जाता हैं.

डॉ. माज उल हक ने कहा “जब अबरार हमारे पास आया तो एक बार में तीन कदम भी नहीं उठा सका. वह एक मोटे बच्चे हैं, हालांकि उनके परिवार में मोटापे का कोई इतिहास नहीं है. उनके माता-पिता और दो भाई-बहन बिल्कुल सामान्य हैं. उसे बहुत ज्यादा भूख की बीमारी है .

अबरार की लेप्रोस्कोपिक स्लीव सर्जरी- laparoscopic sleeve surgery की जाएगी, जिसमें भोजन सेवन को प्रतिबंधित करने के लिए पेट को छोटा कर दिया जाता हैं. ऑपरेशन के बाद, अबरार को छाछ, चिकन शोरबा और फलों के रस का तरल आहार दिया जाएगा.